नोबेल शांति पुरस्कार पर ट्रंप का फिर दावा, बोले- आठ युद्ध खत्म कराए

नोबेल शांति पुरस्कार पर ट्रंप का फिर दावा, बोले- आठ युद्ध खत्म कराए

वॉशिंगटन। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एक बार फिर नोबेल शांति पुरस्कार पर अपना दावा जताते हुए कहा है कि उन्होंने दुनिया में आठ युद्ध खत्म कराने में भूमिका निभाई है और ऐसे काम किए हैं, जिनकी पहले कोई मिसाल नहीं रही। ट्रंप ने बुधवार को व्हाइट हाउस के ओवल ऑफिस में पत्रकारों से बातचीत के दौरान कहा कि अगर इतने बड़े योगदान के बावजूद उन्हें यह सम्मान नहीं मिलता है तो इससे नोबेल शांति पुरस्कार देने वाली समिति की साख पर सवाल उठ सकते हैं। नोबेल शांति पुरस्कार की घोषणा शुक्रवार को नॉर्वे की नोबेल समिति द्वारा की जानी है। ट्रंप ने अपने दावों का जिक्र करते हुए कहा कि शायद ही किसी अमेरिकी राष्ट्रपति ने कभी इतने संघर्ष खत्म कराए हों। उन्होंने कहा कि वह अपनी तारीफ नहीं कर रहे, बल्कि अपने कामों का तथ्यात्मक उल्लेख कर रहे हैं। ट्रंप के मुताबिक, उन्होंने आठ युद्ध खत्म कराए हैं और कई अन्य संघर्षों को शुरू होने से रोकने की कोशिश की है। उन्होंने यह भी संकेत दिया कि एक और संघर्ष को खत्म करने की दिशा में प्रयास जारी हैं। माना जा रहा है कि उनका इशारा अमेरिका और ईरान के बीच चल रहे संघर्ष की ओर है। हालांकि, ट्रंप ने इस संभावित पहल के बारे में विस्तार से जानकारी नहीं दी। अमेरिकी राष्ट्रपति ने कहा कि नोबेल समिति की छवि ऐसी रही है कि वह शायद उनके जैसे व्यक्ति को यह पुरस्कार देने के पक्ष में नहीं है। उन्होंने कहा कि पुरस्कार मिले या नहीं, वह अपने कामों के जरिए पहले ही काफी कुछ कर चुके हैं। ट्रंप ने पूर्व राष्ट्रपति बराक ओबामा को 2009 में मिले नोबेल शांति पुरस्कार पर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि उन्हें आज तक समझ नहीं आया कि ओबामा को यह सम्मान किस उपलब्धि के लिए दिया गया था। ट्रंप के मुताबिक, ओबामा को राष्ट्रपति चुने जाने के तुरंत बाद पुरस्कार दिया गया, जबकि उस समय उन्होंने ऐसा कोई काम नहीं किया था, जिसके आधार पर उन्हें यह सम्मान मिलना चाहिए था। ट्रंप ने पिछले वर्ष नोबेल शांति पुरस्कार से सम्मानित वेनेजुएला की नेता मारिया कोरिना मचाडो का भी उल्लेख किया। उन्होंने दावा किया कि मचाडो ने उन्हें पुरस्कार का अधिक हकदार बताया था और ओवल ऑफिस में उनसे मुलाकात के दौरान सम्मान से जुड़ी अपनी भावनाएं व्यक्त की थीं। ट्रंप ने कहा कि उन्हें मचाडो से इस तरह का समर्थन मिलना अच्छा लगा। अमेरिकी राष्ट्रपति ने अपने शांति प्रयासों में टैरिफ नीति को भी महत्वपूर्ण बताया। उन्होंने दावा किया कि बीते एक वर्ष में उन्होंने आठ युद्ध खत्म कराए, बंधकों की रिहाई सुनिश्चित कराने में भूमिका निभाई और कई संभावित संघर्षों को रोकने की कोशिश की। ट्रंप के अनुसार, कुछ देशों पर आयात शुल्क लगाने की धमकी और आर्थिक दबाव का इस्तेमाल भी संघर्षों को रोकने के लिए किया गया। उनका कहना है कि जब आर्थिक दबाव के जरिए किसी देश को ऐसे कदम उठाने से रोका जाता है, जिनसे लोगों की जान जा सकती है, तो यह भी शांति कायम करने का एक तरीका है। नोबेल पुरस्कार को लेकर ट्रंप की यह टिप्पणी ऐसे समय आई है जब पुरस्कार की घोषणा का समय करीब है। उनके बयान से साफ है कि वह अपने विदेश नीति संबंधी प्रयासों और संघर्षों को खत्म कराने के दावों को पुरस्कार के लिए अपनी दावेदारी का प्रमुख आधार मानते हैं। हालांकि, अंतिम निर्णय नोबेल समिति को करना है और पुरस्कार किसे दिया जाएगा, इसका फैसला घोषणा के बाद ही स्पष्ट होगा।

Pankaj

worldkhabarexpress.com

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