कुशीनगर में भीषण सड़क हादसा: ट्रेलर और ईको वैन की आमने-सामने टक्कर, पिता-दो बेटों समेत छह की मौत, दो मासूम गंभीर
तिलक समारोह से घर लौट रहा था परिवार, टक्कर इतनी भीषण कि वैन के उड़े परखच्चे; गैस कटर से काटकर निकाले गए शव और घायल
कुशीनगर। उत्तर प्रदेश के कुशीनगर में सोमवार देर रात एक भीषण सड़क हादसे ने छह परिवारों की खुशियां छीन लीं। नेशनल हाईवे-28 पर हाटा कोतवाली क्षेत्र के थरुआडीह गांव के पास तेज रफ्तार ट्रेलर और मारुति ईको वैन की आमने-सामने जोरदार भिड़ंत हो गई। हादसे में वैन सवार पिता और उनके दो बेटों समेत छह लोगों की मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई, जबकि दो मासूम बच्चे गंभीर रूप से घायल हो गए। सभी लोग एक रिश्तेदार के घर आयोजित तिलक समारोह में शामिल होकर वापस अपने गांव लौट रहे थे।
प्रत्यक्ष जानकारी के मुताबिक, टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि ईको वैन पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई। वैन का अगला हिस्सा पिचककर पीछे की सीटों तक जा पहुंचा और उसमें सवार सभी आठ लोग अंदर बुरी तरह फंस गए। हादसे के बाद तेज धमाके जैसी आवाज सुनकर आसपास के लोग मौके पर पहुंचे। सड़क पर वैन के टूटे हुए हिस्से बिखर गए, जबकि ट्रेलर का केबिन भी टक्कर से क्षतिग्रस्त हो गया।
राहगीरों की सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची। वैन में फंसे लोगों को निकालने के लिए गैस कटर की मदद से गेट काटे गए। काफी मशक्कत के बाद छह लोगों के शव बाहर निकाले गए, जबकि गंभीर रूप से घायल दोनों बच्चों को तत्काल अस्पताल पहुंचाया गया। बाद में घायलों को बेहतर उपचार के लिए गोरखपुर स्थित बीआरडी मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया गया।
तिलक समारोह से लौटते समय हुआ हादसा
जानकारी के अनुसार, कप्तानगंज थाना क्षेत्र के भलूही गांव निवासी रामबिलास गुप्ता (65) अपने परिवार के साथ रिश्तेदार के यहां तिलक समारोह में शामिल होने गए थे। उनके बड़े बेटे कन्हैया प्रसाद गुप्ता (40) की पत्नी कमलावती वर्तमान में गांव की प्रधान हैं। रामबिलास अपने छोटे बेटे राम मिलन गुप्ता (35) और उनके दो बच्चों आयुष व आर्यन के साथ ईको वैन से कार्यक्रम में पहुंचे थे। वैन गांव के ही मिथलेश गुप्ता (22) चला रहे थे।
कार्यक्रम में शामिल होने के बाद सभी आठ लोग रात में वापस भलूही गांव लौट रहे थे। इसी दौरान कन्हैया प्रसाद ने अपने पड़ोसी मृदुल मिश्रा (37) और भतीजे रंजय गुप्ता (35) को भी साथ ले लिया। घर से करीब 45 किलोमीटर पहले हाटा-पिपराइच मार्ग पर थरुआडीह गांव के पास उनकी वैन सामने से आ रहे ट्रेलर से टकरा गई।
पिता, दो बेटे और चालक समेत छह की मौत

हादसे में रामबिलास गुप्ता, उनके दोनों बेटे कन्हैया प्रसाद और राम मिलन, पड़ोसी मृदुल मिश्रा, भतीजे रंजय गुप्ता और वैन चालक मिथलेश गुप्ता की जान चली गई। बताया जा रहा है कि वैन चला रहे मिथलेश और आगे बैठे रामबिलास को सिर में गंभीर चोटें आईं, जबकि अन्य लोगों के सिर और चेहरे पर भी गंभीर चोटें थीं। वैन में सवार दोनों बच्चे आयुष और आर्यन गंभीर रूप से घायल हो गए।
टक्कर के बाद ट्रेलर सड़क किनारे उतर गया। हादसे के बाद उसका चालक मौके से फरार हो गया। पुलिस उसकी तलाश में जुटी है।
छुट्टी पर घर आए सीआरपीएफ जवान की भी गई जान
इस हादसे में जान गंवाने वाले रंजय गुप्ता सीआरपीएफ में जवान थे और उनकी तैनाती छत्तीसगढ़ में थी। वह दशहरे की छुट्टी पर घर आए हुए थे। छुट्टियां समाप्त होने के बाद उन्हें पांच नवंबर को ड्यूटी पर वापस लौटना था, लेकिन इससे पहले ही हादसे ने उनकी जिंदगी छीन ली। उनके परिवार में पत्नी और तीन बच्चे हैं।
वहीं मृदुल मिश्रा खेती-किसानी कर परिवार का पालन-पोषण करते थे। उनके एक बेटा और एक बेटी हैं। ईको चालक मिथलेश गुप्ता अविवाहित थे और चौराहे पर चाउमीन-बर्गर का ठेला लगाते थे। इसके अलावा वह अपनी ईको वैन बुकिंग पर चलाते थे।
मौत की खबर से गांव में मचा कोहराम
एक ही हादसे में परिवार के कई सदस्यों की मौत से भलूही गांव में मातम पसरा हुआ है। प्रधान कमलावती के परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। मृदुल मिश्रा के बच्चों का रो-रोकर बुरा हाल है, वहीं बेटे की मौत की खबर सुनकर चालक मिथलेश की मां बेसुध हो जा रही हैं। गांव में हर तरफ चीख-पुकार और गम का माहौल है।
एएसपी ने दी हादसे की जानकारी
एएसपी सिद्धार्थ वर्मा ने बताया कि सोमवार देर रात ट्रेलर और वैन की आमने-सामने टक्कर हुई थी। हादसे में छह लोगों की मौत हुई है, जबकि दो घायल बच्चों को बेहतर इलाज के लिए गोरखपुर के बीआरडी मेडिकल कॉलेज भेजा गया है। मृतकों के शव पोस्टमार्टम के लिए मोर्चरी भेज दिए गए हैं। पुलिस मामले में आवश्यक कार्रवाई कर रही है।

