विनीत मिनोचा हत्याकांड: पत्नी ने बेटे से मांगी पावर ऑफ अटॉर्नी, आज सुनवाई
कारोबार में लेनदेन की दिक्कत के चलते सीजेएम कोर्ट में दाखिल की अर्जी, जेल से तलब किया गया सुब्रत मिनोचा
कानपुर। दवा कारोबारी विनीत मिनोचा हत्याकांड का खुलासा होने के बाद अब कारोबार को लेकर परिवार के भीतर कानूनी प्रक्रिया शुरू हो गई है। विनीत की पत्नी पूनिता मिनोचा ने कारोबार में आ रही दिक्कतों का हवाला देते हुए जेल में बंद बेटे सुब्रत मिनोचा से उसके 30 फीसदी हिस्से की पावर ऑफ अटॉर्नी मांगी है। इस संबंध में उन्होंने मंगलवार को मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट (सीजेएम) की अदालत में अर्जी दाखिल की थी। बुधवार को अधिवक्ताओं के न्यायिक कार्य से विरत रहने के कारण सुनवाई नहीं हो सकी। अब शुक्रवार को मामले में सुनवाई होगी। कोर्ट ने सुब्रत को जेल से तलब किया है।
पांच सितंबर को हुई थी कारोबारी की हत्या
कल्याणपुर के इंदिरा नगर स्थित रतन आर्बिट अपार्टमेंट के फ्लैट नंबर सी-104 में पांच सितंबर को दवा कारोबारी विनीत मिनोचा का रक्तरंजित शव मिला था। उनकी चाकुओं से गोदकर हत्या की गई थी। मामले की जांच के बाद पुलिस ने पूर्व नौकर विशाल गौतम, उसके साथी राजकिशोर और कारोबारी के बेटे सुब्रत मिनोचा को गिरफ्तार कर जेल भेजा था।
पत्नी के पास 70 फीसदी हिस्सेदारी
विनीत मिनोचा की हत्या के कुछ दिन बाद उनकी पत्नी पूनिता ने कारोबार की जिम्मेदारी संभाल ली थी। विनीत की बिरहाना रोड स्थित दवा फर्म मेसर्स फार्मा ट्रेडर्स में तीन हिस्सेदार थे। इसमें विनीत की 50 फीसदी, बेटे सुब्रत की 30 फीसदी और पत्नी पूनिता की 20 फीसदी हिस्सेदारी थी।
पूर्व जिला शासकीय अधिवक्ता (डीजीसी) के मुताबिक, विनीत ने वसीयत में अपनी मृत्यु के बाद अपना पूरा हिस्सा पत्नी को देने की बात लिखी थी। इस आधार पर पूनिता के पास 70 फीसदी हिस्सेदारी है, जबकि सुब्रत के पास 30 फीसदी हिस्सा है।
कारोबार के लेनदेन में आ रही दिक्कत
बताया गया कि कारोबार के लेनदेन में आ रही दिक्कतों को दूर करने के लिए पूनिता ने बेटे सुब्रत के 30 फीसदी हिस्से की पावर ऑफ अटॉर्नी मांगी है। इसके लिए सीजेएम कोर्ट में अर्जी दाखिल की गई है। मामले की सुनवाई शुक्रवार को होनी है। कोर्ट ने सुब्रत को जेल से तलब किया है। अब अदालत में सुनवाई के बाद ही इस संबंध में आगे की स्थिति स्पष्ट होगी।


