मधुमेह रोगियों के लिए जरूरी खबर—त्वचा पर दिखने वाले संकेतों को न करें नजरअंदाज
कानपुर। स्पाएड की मासिक जागरूकता बैठक में त्वचा रोग विशेषज्ञ *डॉ. प्रसून सचान* ने डायबिटीज मरीजों को त्वचा से जुड़े संकेतों को लेकर जागरूक किया। स्वरूप नगर के गेंजेस क्लब में आयोजित कार्यक्रम में बड़ी संख्या में मधुमेह रोगी और उनके परिजन शामिल हुए। डॉ. प्रसून सचान ने बताया कि डायबिटीज का असर सिर्फ ब्लड शुगर तक सीमित नहीं रहता, बल्कि त्वचा पर भी इसके कई संकेत दिखाई दे सकते हैं।
बार-बार फंगल या बैक्टीरियल संक्रमण, खुजली, अत्यधिक रूखापन, फोड़े-फुंसी, घाव देर से भरना और पैरों पर छोटे भूरे धब्बे मधुमेह से जुड़े संकेत हो सकते हैं। वहीं गर्दन और बगल की त्वचा का काला और मोटा होना इंसुलिन रेजिस्टेंस का संकेत हो सकता है। डॉक्टर ने मरीजों को पैरों की रोजाना जांच करने, छोटे घाव और संक्रमण को नजरअंदाज नहीं करने तथा बिना डॉक्टर की सलाह के स्टेरॉयड वाली क्रीम इस्तेमाल न करने की सलाह दी। कार्यक्रम की अध्यक्षता स्पाएड अध्यक्ष डॉ. संगीता शुक्ला ने की। उन्होंने नियमित जांच, संतुलित खान-पान और अनुशासित जीवनशैली को डायबिटीज नियंत्रण के लिए जरूरी बताया। कार्यक्रम के अंत में मरीजों ने डायबिटीज और त्वचा से जुड़े सवाल पूछे, जिनका विशेषज्ञों ने समाधान किया।

