गंदगी में बन रहे थे समोसे और एग करी, तीन किचन पर खाद्य विभाग की कार्रवाई
दो प्रतिष्ठानों में खाद्य कारोबार बंद, 650 खराब अंडे समेत 418 समोसे और एग करी नष्ट
कानपुर नगर। जिलाधिकारी के आदेश पर खाद्य सुरक्षा विभाग ने रविवार को अस्वच्छ परिस्थितियों में खाद्य सामग्री तैयार करने वाले प्रतिष्ठानों के खिलाफ अभियान चलाया। खाद्य सुरक्षा अधिकारियों की टीम ने रेल बाजार क्षेत्र के दो प्रतिष्ठानों और 562 डी लाइट हाता स्थित शेरखान क्लाउड किचन का निरीक्षण किया। तीनों स्थानों से खाद्य पदार्थों के कुल 15 नमूने लिए गए। गंभीर खामियां मिलने पर दो प्रतिष्ठानों का खाद्य कारोबार तत्काल बंद करा दिया गया।
सड़क किनारे बन रहे थे समोसे

फेथफुलगंज, रेल बाजार स्थित मेसर्स अंबर ट्रेडर्स एवं जनरल सप्लायर के निरीक्षण में मुख्य प्रवेश द्वार के पास सड़क किनारे ही समोसे बनते मिले। निर्माण स्थल का फर्श टूटा होने के साथ पानी भरा था। टिन की दीवारों पर धूल और चिकनाई की मोटी परत जमा थी। एग्जॉस्ट फैन की व्यवस्था भी नहीं थी। कर्मचारियों के पास स्वास्थ्य प्रमाणपत्र नहीं मिले और वे ग्लव्स व हेड कवर के बिना खाद्य सामग्री तैयार कर रहे थे।
टीम ने खुला मैदा, पिसी लाल मिर्च, नमक, तैयार सब्जी, सोयाबीन, खुला रिफाइंड ऑयल और समोसे के सात नमूने लिए। सफाई व्यवस्था मानकों के अनुरूप न मिलने पर खाद्य कारोबार स्थगित करा दिया गया। मौके पर रखे करीब 218 तैयार समोसे भी नष्ट कराए गए।
क्लाउड किचन में मिले खराब अंडे

562 डी लाइट हाता स्थित शेरखान क्लाउड किचन में पैक्ड अचार, आटा, तैयार चावल और एग करी के चार नमूने लिए गए। किचन की स्थिति बेहद अस्वच्छ मिलने पर खाद्य कारोबार तत्काल बंद करा दिया गया।
कार्रवाई के दौरान करीब 40 किलो एग करी (कीमत करीब 4,800 रुपये) और 650 खराब अंडे (कीमत करीब 6,500 रुपये) नष्ट कराए गए। इसके अलावा अस्वच्छ परिस्थितियों में तैयार एग करी और चावल की 250 पैक्ड प्लेटें, जिनकी अनुमानित कीमत 12,500 रुपये थी, भी नष्ट कराई गईं।
एसए इंटरप्राइजेज में 200 समोसे नष्ट
रेल बाजार स्थित एसए इंटरप्राइजेज के किचन में भी गंदगी मिली। यहां से समोसा, मैदा, गरम मसाला और नमक के चार नमूने लिए गए। मौके पर तैयार करीब 200 समोसे, जिनकी कीमत लगभग दो हजार रुपये थी, नष्ट कराए गए। प्रतिष्ठान को कमियां दूर करने के लिए सुधार सूचना जारी करने की संस्तुति की गई।
सहायक आयुक्त खाद्य सुरक्षा संजय प्रताप सिंह ने कहा कि खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता के साथ निर्माण और भंडारण स्थल की स्वच्छता भी अनिवार्य है। गंभीर अस्वच्छता मिलने पर कारोबार बंद कराया गया है। मानव उपभोग के लिए अनुपयुक्त सामग्री नष्ट कराई गई है। मानकों की अनदेखी पर आगे भी नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।

