एक महीने से बिना चलाए पानी दे रहा हैंडपंप
बारिश शुरू होते ही खुद आने लगता है पानी, ग्रामीणों में कौतूहल
रिपोर्ट:- सत्यम शुक्ला
कानपुर। आमतौर पर हैंडपंप से पानी निकालने के लिए उसे चलाना पड़ता है, लेकिन बिधनू ब्लॉक के मगरासा गांव में एक हैंडपंप पिछले करीब एक महीने से बिना चलाए ही पानी दे रहा है। खास बात यह है कि हैंडपंप से लगातार पानी निकल रहा है। इसका वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद यह मामला आसपास के क्षेत्र में चर्चा का विषय बना हुआ है।
मगरासा गांव के बाहर स्थित नमक फैक्ट्री में करीब 100 मीटर की दूरी पर दो हैंडपंप लगे हुए हैं। इनमें से एक हैंडपंप सामान्य तरीके से चलाने पर पानी देता है, जबकि दूसरा बिना चलाए ही पानी दे रहा है। इस असामान्य स्थिति को देखने के लिए आसपास के लोग भी पहुंच रहे हैं और अपने-अपने स्तर पर इसकी वजह जानने का प्रयास कर रहे हैं।
बारिश शुरू होते ही शुरू हो जाती है प्रक्रिया

नमक फैक्ट्री में करीब दस वर्षों से काम कर रहे न्योरी निवासी मजदूर पतरी के मुताबिक, बारिश शुरू होते ही इस हैंडपंप में अपने आप पानी आने लगता है। उन्होंने बताया कि यह स्थिति हर साल बारिश के दौरान देखने को मिलती है। करीब दो महीने तक हैंडपंप से लगातार पानी आता रहता है और इसके बाद पानी निकलना स्वत: बंद हो जाता है।
मजदूर के मुताबिक इस बार भी बारिश शुरू होने के बाद हैंडपंप से अपने आप पानी आना शुरू हुआ। करीब एक महीने से लगातार पानी आने के कारण अब इसका वीडियो सोशल मीडिया पर भी वायरल हो गया है। इसके बाद लोगों में इस घटना को लेकर उत्सुकता और बढ़ गई है।
कोई चमत्कार बता रहा तो कोई प्राकृतिक कारण
बिना चलाए हैंडपंप से पानी आने को लेकर ग्रामीणों में तरह-तरह की चर्चाएं हैं। कुछ लोग इसे चमत्कार से जोड़कर देख रहे हैं। उनका कहना है कि हैंडपंप को बिना चलाए लगातार पानी आना सामान्य बात नहीं है।
वहीं कई ग्रामीण इसे प्राकृतिक घटना मान रहे हैं। उनका कहना है कि बारिश के दौरान जमीन के भीतर पानी का स्तर बढ़ने से दबाव बन सकता है, जिसके कारण हैंडपंप के रास्ते पानी बाहर आने लगता है। हालांकि इसकी वास्तविक वजह अभी स्पष्ट नहीं है।
पांडु नदी के माइनर से जोड़ रहे संबंध
कुछ ग्रामीणों के मुताबिक नमक फैक्ट्री के बगल से पांडु नदी का पानी आने वाला एक माइनर गुजरता है। बारिश के दौरान जब पांडु नदी में बाढ़ की स्थिति बनती है तो माइनर में भी पानी बढ़ जाता है। ग्रामीणों का दावा है कि इसी दौरान हैंडपंप से अपने आप पानी आने लगता है।
ग्रामीणों के अनुसार जब माइनर का पानी कम होने लगता है तो कुछ समय बाद हैंडपंप से भी पानी आना बंद हो जाता है। इसी वजह से वह इसे पांडु नदी और माइनर के बढ़े जलस्तर से जुड़ी प्राकृतिक प्रक्रिया मान रहे हैं।
विशेषज्ञ जांच से साफ होगी वजह
हैंडपंप से अपने आप पानी आने के पीछे वास्तविक कारण क्या है, यह अभी स्पष्ट नहीं है। इसकी सही जानकारी के लिए भूजल स्तर, जमीन के अंदर पानी के दबाव और आसपास के जलस्रोतों की तकनीकी जांच जरूरी होगी। विशेषज्ञ जांच के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि हैंडपंप में पानी किस वजह से स्वत: ऊपर आ रहा है।
फिलहाल मगरासा गांव के बाहर नमक फैक्ट्री परिसर में बिना चलाए पानी दे रहा यह हैंडपंप ग्रामीणों के बीच कौतूहल का विषय बना हुआ है। बारिश के साथ शुरू होने वाली इस प्रक्रिया को लेकर ग्रामीण अपने-अपने अनुभव और तर्क साझा कर रहे हैं।

