गोरखपुर के दुर्गा पूजा पंडाल में लटकाए मुस्कान-साहिल के पुतले, नीला ड्रम हत्याकांड बना थीम
गुफानुमा पंडाल, स्वचालित मूर्तियां और मां दुर्गा की विद्युत चालित प्रतिमा बनी आकर्षण का केंद्र
गोरखपुर। नवरात्र में गोरखपुर के सिंघड़िया स्थित दुर्गा पूजा पंडाल इन दिनों चर्चा में है। यहां युवा गोल्डन छात्र समिति ने मेरठ के चर्चित नीला ड्रम हत्याकांड में आरोपी मुस्कान रस्तोगी और साहिल शुक्ला के पुतलों को राक्षसों के साथ प्रदर्शित किया है। समिति ने इसे समाज में बढ़ते अपराध और बुराइयों के खिलाफ संदेश देने वाली झांकी बताया है।
पंडाल की थीम इस बार पिछले वर्षों से अलग रखी गई है। यहां गुफा के आकार का प्रवेश द्वार बनाया गया है। अंदर का दृश्य डरावना रखा गया है, जबकि स्प्रिंग से चलने वाली स्वचालित मूर्तियां और मां दुर्गा की विद्युत चालित प्रतिमा श्रद्धालुओं के आकर्षण का केंद्र बनी हुई हैं। झांकी देखने के लिए बड़ी संख्या में लोग पहुंच रहे हैं।
अदालत के फैसले के बाद पुतले लगाने का निर्णय
समिति के कार्यकर्ता शिवम चौधरी के मुताबिक, मेरठ के चर्चित हत्याकांड में अदालत के फैसले की जानकारी मिलने के बाद सदस्यों ने मुस्कान और साहिल के पुतलों को झांकी में शामिल करने का निर्णय लिया। उनका कहना है कि इस प्रस्तुति के जरिए लोगों को यह संदेश देने का प्रयास किया गया है कि अपराध करने वालों को अपने कर्मों का परिणाम भुगतना पड़ता है।
मां दुर्गा की प्रतिमा भी आकर्षण
पंडाल में मां दुर्गा की विद्युत चालित प्रतिमा स्थापित की गई है। इसके अलावा स्प्रिंग से चलने वाली स्वचालित मूर्तियां, गुफानुमा रास्ता और विशेष सजावट लोगों का ध्यान खींच रही है। श्रद्धालु मां के दर्शन के साथ झांकी देखने के लिए भी पहुंच रहे हैं।
क्या है मेरठ का नीला ड्रम हत्याकांड?
मार्च 2025 में मेरठ में मर्चेंट नेवी अधिकारी सौरभ राजपूत की हत्या का मामला सामने आया था। इस मामले में उनकी पत्नी मुस्कान रस्तोगी और उसके प्रेमी साहिल शुक्ला पर हत्या का आरोप लगा था। आरोप था कि हत्या के बाद शव को नीले ड्रम में रखकर सीमेंट से बंद कर दिया गया था।


